LOADING

Type to search

ताजा ख़बर नई तकनीक नौकरी या खेती

खरगौन का 26 साल का एक युवा पॉली हाउस से कमाता है सालाना 1 करोड़ 60 लाख रूपए। नौकरी छोड़ कर खेती से जुड़ा काम करने का लिया था रिस्क

Share
khargone boy earns millions from nursery or poly house

Hits: 53834

खेती की ख़बरें अब मोबाइल पर पाना और भी हुआ आसान, डाउनलोड करें किसानख़बर की नई एप जिसमें है किसानों की लगभग हर समस्या का समाधान

जिंदगी के खेल में जो रिस्क लेता है वहीं खेल जीत भी लेता है। ये बात खरगौन के 26 साल के एक ऐसे लड़के ने साबित कर दी जिसने MAC की पढ़ाई की थी नौकरी करने के लिए। नौकरी भी की लेकिन 4 साल। उसके  बाद खेती (पॉली हाउस) में खुद कुछ कमाल करने का ऐसा जूनुन चढ़ा कि वो फिर ऊतरा ही नहीं।




किसने और क्या कमाल किया

मध्य प्रदेश में खरगौन नाम का जिला है। इस जिले में नांद्रा नाम के एक गांव में ओम प्रकाश नाम के एक युवा किसान ने 4 साल पहले नौकरी छोड़कर अपने इलाके में खेती में कुछ नया करने की एक छोटी सी कोशिश शुरु की।

ओम प्रकाश ने गांव में ही अपने खेत पर 1 एकड़ में पॉली हाउस (नर्सरी) लगाई और उसमें तरह तरह की सब्जियों के पौधे तैयार करने शुरु कर दिए।

जैसे जैसे समय गुजरता गया, ओम प्रकाश की नर्सरी में लोगों की भीड़ बढ़ने लगी और मुनाफा होने लगा। पहले वो खुद ही नर्सरी का सारा काम देखते थे, लेकिन अब उन्होंने कई लोगों को अपनी नर्सरी में काम पर रख लिया।

ये भी पढ़ें – हरियाणा का कौन किसान नर्सरी से ही 3 करोड़ रूपए से ज्यादा सालाना कमाता है और 100 से ज्यादा लोगों को नौकरी पर रखा हुआ है।




ओम प्रकाश ने राज्य सरकार के उद्धान विभाग से 18 लाख 67 हजार रूपए के सरकारी अनुदान की मदद से अपनी नर्सरी को और बड़ा किया। पहले ही साल में ओम प्रकाश की नर्सरी से कमाई 70 लाख रूपए हो गई। सभी खर्चे निकालने के बाद 13 लाख रूपए का शुद्ध मुनाफा हुआ। यह ओम प्रकाश को नौकरी में मिलने वाली सालाना सैलरी का 4-5 गुना था।

सिर्फ जैविक खाद के इस्तेमाल की वजह से ओम प्रकाश की नर्सरी के पौधे ज्यादा होते हैं। इस वजह से अब खरगौन ही नहीं बल्कि दूसरे शहरों और दूसरे राज्यों जैसे महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, यूपी और छत्तीगढ़ में वो अपने पौधे एक्सपोर्ट भी कर रहे हैं। आज की तारीख में ओम प्रकाश की नर्सरी से सालाना टर्नओवर 1 करोड़ 60 लाख रूपए हो गया है।

हाईब्रिड पपीता, टमाटर, प्याज, बैगन, शिमला मिर्च, गोभी, करेला, लौकी से लेकर तरबूज-खरबूज और गेंदा के फूल के पौधे भी वो अब एक्सपोर्ट करने लगे हैं।

अच्छी बात ये है कि इस नर्सरी से आस पास के गांव के कई लोगों को रोजगार भी मिल रहा है।

खेती की ख़बरें अब मोबाइल पर पाना और भी हुआ आसान, डाउनलोड करें किसानख़बर की नई एप जिसमें है किसानों की लगभग हर समस्या का समाधान

ये भी पढ़ें – नौकरी छोड़कर खेती में सफलात के झंडे लगा देने वाले लोगों की सफलता की कहानी

Tag : nursery se kaise kamate hain paisa, poly house se kamai, khargone main kisne ki kheti se kamai, om prakash patidar khargone




[facebook_likebox url=”http://www.facebook.com/kisankhabar” width=”300″ height=”200″ color=”light” faces=”true” stream=”false” header=”false” border=”true”]

घर बैठे ही किसी भी खेत की खसरा खतौनी Free में कैसे निकालें

घर बैठे ही किसी भी खेत की खसरा खतौनी Free में कैसे निकालें

स्टोरी पर कृप्या कॉमेंट करें

Tags:
Vandana Singh

वंदना सिंह को पत्रकारिता का 10 साल का अनुभव है

    1

2 Comments

  1. Like September 22, 2018

    Like!! Thank you for publishing this awesome article.

    Reply
  2. It is in reality a great and useful piece of info. Thanks for sharing. 🙂

    Reply

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

WhatsApp chat